भाषा:
Get App

खोजें

तू बड़ा ग़रीब नवाज़ है

  • यह साझा करें:
Get it on Google PlayDownload on the App Store
ख्वाजा पिया! मोर ख्वाजा पिया!ख्वाजा पिया! मोर ख्वाजा पिया!नियाज़-ओ-नाज़ का कैसा हसीं संगम हैजिधर गरीब खड़े हैं, उधर गरीब-नवाज़

ख्वाजा पिया! मोर ख्वाजा पिया!

ख्वाजा पिया! मोर ख्वाजा पिया!

 

नियाज़-ओ-नाज़ का कैसा हसीं संगम है

जिधर गरीब खड़े हैं, उधर गरीब-नवाज़

 

तेरी जात पर, तेरे नाम पर

ख्वाजा! हम ग़रीबों को नाज़ है

तू बड़ा ग़रीब-नवाज़ है

तू बड़ा ग़रीब-नवाज़ है

 

तुझे तेरे पीर का वास्ता

मुझे, ख्वाजा! ऐसा नवाज़ दे

दे दे सदक़ा अपनी निगाह का

इक नज़र गुलाम पे डाल दे

तेरा काम, ख्वाजा! नवाज़ना

तू सदा से बंदा-नवाज़ है

 

तू बड़ा ग़रीब-नवाज़ है

तू बड़ा ग़रीब-नवाज़ है

 

मेरी बात खाली न जाने दे

मेरी बात को, ख्वाजा! आज रख

तेरे दर पे यूँ ही पड़ा रहूं

मेरी बात की, ख्वाजा! लाज रख

तेरा काम, ख्वाजा! नवाज़ना

तू सदा से बंदा-नवाज़ है

 

तू बड़ा ग़रीब-नवाज़ है

तू बड़ा ग़रीब-नवाज़ है

 

सखी और भी हैं जहाँ में

तेरे जैसा कोई सखी नहीं

जिसे तू करम से नवाज़ दे

उसे दो-जहाँ में कमी नहीं

भरो झोली, ख्वाजा! हनीफ़ की

तेरा दस्त-ए-जूद-ए-दाराज़ है

 

तू बड़ा ग़रीब-नवाज़ है

तू बड़ा ग़रीब-नवाज़ है

टैग:
Muslim Life Pro App
Download
WhatsApp Group
Join Now