जिसको जो कुछ भी मिला आपके दरवाज़े से
जिसको जो कुछ भी मिला आपके दरवाज़े से
खूब देता है ख़ुदा आपके दरवाज़े से
तुम करोड़ों नहीं बस एक दिखा दो मुझको
जिसको कुछ भी न मिला आपके दरवाज़े से
जिसको जो कुछ भी मिला आपके दरवाज़े से
आओ आओ के यहीं होगी शफा'अत वाजिब
रोज़ आती है सदा आपके दरवाज़े से
जिसको जो कुछ भी मिला आपके दरवाज़े से
कुछ नहीं तेरी तलब उनके करम के आगे
इतना होता है 'अता आपके दरवाज़े से
जिसको जो कुछ भी मिला आपके दरवाज़े से
मेरी इस बात की ताईद करेंगे आदम
माफ़ होती है खता आपके दरवाज़े से
जिसको जो कुछ भी मिला आपके दरवाज़े से
आज तक जो दर-ए-सरकार पे आया शब्बीर
कोई खाली न गया आपके दरवाज़े से
जिसको जो कुछ भी मिला आपके दरवाज़े से
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